
उत्तर प्रदेश में इस समय ठंड का प्रकोप चरम पर है। पहाड़ों पर जारी बर्फबारी का असर अब मैदानों तक पहुंच गया है। राजधानी लखनऊ से लेकर वाराणसी, कानपुर और पश्चिमी जिलों तक कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन को ठप सा कर दिया है। इसी को देखते हुए कई जिलों के जिलाधिकारियों (DM) ने स्कूलों के समय में बदलाव और छुट्टियों को लेकर नए आदेश जारी किए हैं।
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भीषण ठंड और कोहरे का दौर जारी
पिछले कुछ दिनों से उत्तर प्रदेश में न्यूनतम तापमान लगातार गिर रहा है। सुबह और देर रात के समय कोहरा इतना घना है कि दृश्यता महज कुछ मीटर तक सीमित रह जाती है। सड़क और रेल यातायात पर भी इसका बड़ा असर पड़ा है। वहीं, सुबह बच्चों को स्कूल भेजना अभिभावकों के लिए चिंता का विषय बन गया है। तापमान में लगातार गिरावट को देखते हुए प्रशासन ने विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए स्कूलों की छुट्टियां बढ़ाने का निर्णय लिया है।
किन जिलों में रहेंगी छुट्टियां?
हालांकि यह आदेश हर जिले में अलग-अलग प्रशासनिक निर्णयों के आधार पर जारी किए जा रहे हैं, शुरुआती जानकारी के अनुसार पश्चिमी उत्तर प्रदेश और तराई क्षेत्र के करीब 5 प्रमुख जिलों में कक्षा 12वीं तक के स्कूल बंद रखने के निर्देश दिए गए हैं। इनमें लखनऊ, कानपुर, वाराणसी, बरेली और गोरखपुर जैसे जिले भी शामिल हो सकते हैं, जहाँ पारा 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे चला गया है।
इसके अलावा कुछ जिलों में स्कूल पूरी तरह बंद न करके उनके समय में बदलाव किया गया है। यानी जहां कक्षाएं चल रही हैं, वहां अब स्कूल सुबह 10:00 बजे से दोपहर 3:00 बजे तक ही खुलेंगे, ताकि विद्यार्थी अत्यधिक ठंड और कोहरे से बच सकें।
DM कार्यालयों से जारी हो रहे हैं आदेश
जिलाधिकारियों द्वारा यह आदेश मौसम विभाग की वर्तमान चेतावनी को ध्यान में रखकर जारी किए जा रहे हैं। हर जिले की स्थिति अलग है, इसलिए यह ज़रूरी है कि अभिभावक अपने जिले के DM ऑफिस की वेबसाइट, सोशल मीडिया पेज या स्थानीय समाचार चैनलों से ताज़ा जानकारी लेते रहें। कई जिलों में स्कूल प्रशासन भी अपने अभिभावकों को व्हाट्सऐप ग्रुप के माध्यम से सीधे सूचना साझा कर रहे हैं।
अभिभावकों को सलाह
मौसम विभाग ने आने वाले कुछ दिनों तक उत्तर प्रदेश में ठंडी हवाओं और शीतलहर के बने रहने की संभावना जताई है। ऐसे में अभिभावकों से अपील की जा रही है कि वे बच्चों को ठंड से बचाने के लिए गर्म कपड़ों का सही इस्तेमाल करें। स्कूल बस या वाहन से यात्रा करने वाले बच्चों को कोहरे के दौरान सुरक्षा का खास ध्यान रखना चाहिए।
विशेषज्ञ डॉक्टरों का कहना है कि इस मौसम में बच्चे सर्दी-जुकाम, बुखार और एलर्जी से जल्दी प्रभावित होते हैं। इसलिए उन्हें गर्म पेय पदार्थ और पौष्टिक भोजन दिया जाए तथा बाहर निकलने से पहले शरीर को पूरी तरह ढकें।
मौसम में फिलहाल राहत नहीं
मौसम विभाग की ताज़ा रिपोर्ट बताती है कि उत्तर भारत के कई हिस्सों में अगले एक सप्ताह तक ठंड में राहत मिलने की संभावना नहीं है। पेड़-पौधों से ओस गिरना, सुबह का कोहरा और दिन में हल्की धूप का मिलना यही आने वाले दिनों की तस्वीर होगी। इस बीच, प्रशासन ने अपील की है कि लोग अनावश्यक रूप से सुबह-सुबह घर से बाहर न निकलें, खासकर बुजुर्ग और छोटे बच्चे अपनी सुरक्षा का ध्यान रखें।
















