गरीबी की दीवारें तोड़कर अब आपके बच्चे बड़े प्राइवेट स्कूलों में पहली कक्षा फ्री पढ़ सकेंगे। ये शिक्षा का अधिकार योजना लाखों कमजोर परिवारों के लिए वरदान साबित हो रही है। 2 जनवरी से आवेदन शुरू हो चुके हैं और सरकार फीस से लेकर किताबें तक सबका खर्च उठाएगी। समय रहते फॉर्म भरें, वरना ये मौका हाथ से निकल जाएगा।

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आवेदन का शुभारंभ
2 जनवरी 2026 को सुबह से ही ऑनलाइन पोर्टल पर आवेदन की प्रक्रिया चालू हो गई है। आखिरी तारीख 31 जनवरी तय की गई है, यानी अभिभावकों के पास पूरा एक महीना है फॉर्म भरने के लिए। उसके बाद दस्तावेज जांच 3 जनवरी से 2 फरवरी तक चलेगी। 6 फरवरी को स्कूल अलॉटमेंट लिस्ट जारी होगी और 7 से 21 फरवरी तक नामांकन पूरा करना होगा। प्राइवेट स्कूलों ने दिसंबर के आखिर तक अपनी खाली सीटों की जानकारी पोर्टल पर डाल दी है। ये सब पारदर्शी तरीके से होगा ताकि कोई भेदभाव न रहे।
कौन बच्चे पात्र हैं?
ये योजना खासतौर पर उन बच्चों के लिए है जिनके माता-पिता की सालाना कमाई कम है। कमजोर वर्ग जैसे एसटी, बीसी, ईबीसी या अल्पसंख्यक परिवारों से आने वाले बच्चों के लिए आय सीमा एक लाख रुपये सालाना रखी गई है। वंचित वर्ग के लिए ये दो लाख तक है। बच्चे की उम्र 6 साल से ज्यादा होनी चाहिए, यानी जन्म 2018 से 2020 के बीच हुआ हो। अनाथ बच्चे, विकलांग या विशेष जरूरत वाले भी आसानी से अप्लाई कर सकते हैं। घर के पास का अच्छा स्कूल चुनने का मौका मिलेगा।
दस्तावेज तैयार रखें
आवेदन भरते वक्त जन्म प्रमाण पत्र जरूरी है ताकि उम्र साबित हो सके। जाति प्रमाण पत्र, आधार कार्ड, राशन कार्ड या निवास प्रमाण पत्र अपलोड करना पड़ेगा। माता-पिता का आय प्रमाण पत्र और बच्चे की दो फोटो भी चाहिए। अगर आधार नहीं है तो मोबाइल नंबर से रजिस्ट्रेशन कर लें, बाद में जमा कर दें। ये दस्तावेज स्कैन करके अपलोड करें, साफ-साफ होने चाहिए वरना फॉर्म रिजेक्ट हो सकता है। सब कुछ मोबाइल से ही हो जाएगा।
आसान आवेदन प्रक्रिया
ज्ञानदीप पोर्टल पर जाकर पहले रजिस्टर करें। यूजर आईडी बनेगी, फिर फॉर्म भरें। घर से नजदीक के 10 स्कूल चुनें। एक किलोमीटर के दायरे में स्कूल पहली पसंद, एक से तीन किलोमीटर दूसरी और तीन से छह किलोमीटर तीसरी प्राथमिकता। लॉटरी सिस्टम से चयन होगा अगर आवेदन ज्यादा आए। चयनित होने पर स्कूल जाकर दाखिला लें। फीस, किताबें, यूनिफॉर्म सब मुफ्त मिलेगा। प्राइवेट स्कूल 25 प्रतिशत सीटें इन बच्चों के लिए छोड़ेंगे।
योजना के फायदे
ये स्कीम गरीब बच्चों को शहर के बेहतरीन स्कूलों की सुविधा देगी। अच्छे टीचर, साफ क्लासरूम और मॉडर्न पढ़ाई का नजारा। सरकार स्कूलों को रीइंबर्समेंट देगी इसलिए कोई परेशानी नहीं। अभिभावक भाई-बहन, अपने बच्चे का भविष्य संवारने का ये सुनहरा मौका है। जिला शिक्षा अधिकारी के हेल्पलाइन पर कॉल करें अगर कोई समस्या हो। जल्दी अप्लाई करें और सफलता की कहानी लिखें। लाखों परिवार इंतजार कर रहे हैं, आप भी जुड़ें।
















