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Bank Interest Rate Change: सेविंग अकाउंट पर अब मिलेगा ज्यादा या कम ब्याज? बैंक ने लागू किया नया फैसला, जानें इससे आपके खाते पर क्या असर पड़ेगा

हाल ही में कई प्रमुख बैंकों ने अपनी ब्याज दरों में बदलाव किया है, जिसका सीधा असर आपके सेविंग अकाउंट (बचत खाते) पर पड़ेगा। यहाँ इस बदलाव का मुख्य विवरण और आपके खाते पर होने वाले प्रभाव की जानकारी दी गई है

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Bank Interest Rate Change: सेविंग अकाउंट पर अब मिलेगा ज्यादा या कम ब्याज? बैंक ने लागू किया नया फैसला, जानें इससे आपके खाते पर क्या असर पड़ेगा
Bank Interest Rate Change: सेविंग अकाउंट पर अब मिलेगा ज्यादा या कम ब्याज? बैंक ने लागू किया नया फैसला, जानें इससे आपके खाते पर क्या असर पड़ेगा

नए साल की शुरुआत के साथ ही भारत के कई निजी और सरकारी बैंकों ने बचत खातों (Savings Accounts) के लिए अपनी ब्याज दरों और स्लैब में महत्वपूर्ण बदलाव लागू किए हैं, IDFC First Bank जैसे कुछ बैंकों ने 9 जनवरी 2026 से अपनी नई दरें प्रभावी की हैं। 

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नया नियम: समान ब्याज दर का प्रावधान 

नए बैंकिंग नियमों के अनुसार, अब बैंकों को 1 लाख रुपये तक की दैनिक शेष राशि (Daily Balance) पर एकसमान ब्याज दर देनी होगी, इसका उद्देश्य छोटे बचतकर्ताओं को स्थिरता प्रदान करना है, ₹1 लाख से अधिक की राशि पर बैंक अपनी स्वतंत्र नीतियां अपना सकते हैं। 

प्रमुख बैंकों की वर्तमान ब्याज दरें (जनवरी 2026)

ब्याज दरों में हालिया कटौती और संशोधनों के बाद प्रमुख बैंकों की स्थिति इस प्रकार है:

  • SBI (भारतीय स्टेट बैंक): देश के सबसे बड़े बैंक ने बचत खाते की ब्याज दरों को 2.50% से 2.70% के बीच रखा है।
  • HDFC बैंक: वर्तमान में HDFC बैंक ₹50 लाख से कम के बैलेंस पर 2.50% से 2.75% तक ब्याज दे रहा है।
  • ICICI बैंक: इस बैंक ने भी सभी बैलेंस ब्रैकेट के लिए अपनी दर को संशोधित कर लगभग 2.50% कर दिया है।
  • IDFC First Bank: बैंक ने 9 जनवरी 2026 से “प्रोग्रेसिव” (Progressive) ब्याज प्रणाली लागू की है। अब ₹1 लाख तक के बैलेंस पर 3%, ₹1 लाख से ₹10 लाख तक 5%, और ₹10 लाख से ₹10 करोड़ के बीच की राशि पर अधिकतम 6.5% ब्याज मिल रहा है। 

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ब्याज गणना का नया तरीका

अब अधिकांश बैंक ब्याज की गणना महीने के औसत बैलेंस पर नहीं, बल्कि प्रतिदिन के क्लोजिंग बैलेंस (End of Day Balance) पर करते हैं, यह ब्याज आमतौर पर हर महीने या हर तीन महीने में आपके खाते में क्रेडिट किया जाता है। 

आपके खाते पर क्या असर पड़ेगा?

  •  यदि आपके खाते में ₹1 लाख से कम राशि रहती है, तो आपको मिलने वाला वास्तविक ब्याज अब पहले की तुलना में कम (औसतन 2.5% – 3%) हो सकता है।
  • जो ग्राहक ₹10 लाख से अधिक की राशि रखते हैं, उनके लिए कई बैंक (विशेषकर मिड-साइज प्राइवेट बैंक) अभी भी 6% से 6.5% तक आकर्षक दरें दे रहे हैं।
  •  यदि आपका बैंक बचत खाते पर कम ब्याज दे रहा है, तो आप ‘Auto-Sweep’ सुविधा सक्रिय कर सकते हैं। इससे एक तय सीमा से अधिक राशि अपने आप FD में बदल जाती है, जहाँ आपको बचत खाते के मुकाबले 6.5% से 7.3% तक अधिक ब्याज मिल सकता है। 

 ग्राहक अपनी बचत पर बेहतर रिटर्न पाने के लिए PaisaBazaar या बैंक की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर नवीनतम Interest Rate Card की तुलना कर सकते हैं।

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